
वाराणसी और गाजीपुर के राजनीतिक गलियारों में स्नातक एमएलसी चुनाव को लेकर सरगर्मी तेज हो गई है। शिक्षा विभाग के विभिन्न उच्च पदों पर अपनी लंबी सेवाएं दे चुके और गाजीपुर के मूल निवासी चंद्रजीत सिंह यादव ने मीडिया से बातचीत करते हुए अपनी उम्मीदवारी और प्राथमिकताओं को स्पष्ट किया है।
चंद्रजीत सिंह यादव ने अपने प्रशासनिक अनुभव का जिक्र किया है।
वहीं चुनावी मुद्दे और प्रमुख प्राथमिकताएं को लेकर उन्होंने कहा कि वे समाज और लोगों की सेवा के लिए पूरी तरह तत्पर हैं। उनके चुनाव प्रचार का मुख्य केंद्र शिक्षा, शिक्षक और नौजवानों के अधिकार होंगे।

वहीं वित्तविहीन शिक्षकों को आजीविका के लिए सम्मानजनक मानदेय मिले, पुरानी पेंशन योजना बहाल हो, और नौजवानों को रोजगार मिले।वहीं उन्होंने कहा कि जब तक रोजगार नहीं, तब तक बेरोजगारी भत्ता मिले। इन सभी मुद्दों पर हमारा विशेष फोकस रहेगा।”
वहीं निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में जनता के बीच
सदन में अपनी भूमिका को लेकर उन्होंने स्पष्ट किया कि वे किसी के दबाव में नहीं आएंगे और न ही किसी पार्टी विशेष के झंडे तले हैं। वे अपने सर्विस पीरियड के नियमों, कानूनों और रेगुलेशन के तहत जनता की आवाज उठाएंगे।

उन्होंने मतदाताओं से अपील की है कि वे किसी राजनीतिक दल के बहकावे में आने के बजाय एक स्वतंत्र प्रत्याशी का समर्थन करें और अपनी स्वतंत्रता का लाभ लें।






